Love Shayari in Hindi Top 100 बेस्ट लव शायरी हिंदी मैं 2019| your hindi shayari

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छोड़ दो मुड़कर देखना उनको 
जो तुमसे  दूर जाया करते है 
जिनको साथ नहीं चलना होता 
वो अक्सर रूठ जाया करते है 



झूठी मोहब्बत वफ़ा के वादे 
साथ निभाने की कसमें 
इतना सब किया तुमने 
सिर्फ मेरे साथ वक्त गुजरने के लिए 




पथ्हर की दुनियां  जज़्बात नहीं समझते 
दिल मैं क्या है वो बात नहीं समझती 
तनहा तो चाँद  भी सितारों  के बीच मैं है 
पर चाँद का दर्द वो रात नहीं समझती 


काश हमारी जिंदगी मैं भी कोई ऐसा 
होता जो गले लगाकर  कहता अरे औ 
पागल रोया मत कर तेरे रोने से मुझे 
           भी तकलीफ होती 


तेरी मोहब्बत की तलब थी 
तो हाथ फैला दिए हमने वरना 
हम तो अपनी जिंदगी  लिए भी 
दुआ नहीं मांगते 


जिंदगी का सबसे बुरा लम्हा वो है 

जब कोई अपना आपको इतने दुःख दे 
की आँखे भर जाये और नहीं पूछे क्या हुआ 
और आपको मुस्कुराकर कहना पड़े कुछ नहीं 


रात के अँधेरे मैं तो हर कोई 
किसी को याद कर लेता है 
सुबह उठते ही जिसकी याद 
आय मोहब्बत उसको कहते है 

मुझसे नफरत तभी करना 
जब आप जानते हों तब नहीं
जब किसी से कुछ सुना हो 


कैसे करे हम खुद को तेरे प्यार 
के काबिल जब हम आदतें बदलते है
तुम शर्तें बदल देती हो 


चलो आज फिर देखावा करते है तुम 
पूछो  कैसे हो मैं कहूँ सब ठीक 


आज जिन्दा है कल गुजर जाएंगे 
कोण जनता है कब बिछड़ जाएंगे 
नाराज़ न होना हमारी शरारतों से 
ए दोस्त ये वह पल है जो कल
बहोत याद आएगा 


ज़रा सी ज़िंदगी है आक्रमण बहुत है 
हमदर्द नहीं कोई इंसान बहुत है 
दिल का दर्द सुनाये तोह सुनाये किसको 
जो दिल के करीब है वह आंजन बहुत है




हुआ जो कुछ भूलना चाहिए था 
उसे अब लौट आना चाहिए था 
यह सारा बोझ मेरे सर पे क्यों है 
उसे भी थोड़ा ग़म उठाना चाहिए था 
इतनी खामोसी से तालुक तोड़ दिया 
उसे पहले बताना चाहिए था 


उसी की याद की खुशबू है दिल मैं 
मुझे जिस को भूलना चाहिए था 
ज़रा सी गलती पे रूठ बैठे 
क्या उसे बस बहाना चाहिए था 
मुझे खो कर उसे क्या मिलता 
उसे बताना चाहिए था 


मैं तो टूट गया बिखर कर 
उसे मुझे तोड़ कर मिला 
उसको बताना चाहिए था 
उसको बताना चाहिए था 


मोहब्बत की राहों में 
मैं बिलकुल आंजन था 
और शायद यौम भी 
यौम ने शुरू की दोस्ती 
हो गयी मोहब्बत और फिर
तुमने ही छोड़  दिया 


मुझे अपने लोगो की खुसी की 
दुहाई देकर तब फिर एक अच्छे 
दोस्त की तरह हम दोनों अलग 
हो गए एक मुददत हुयी तुमसे बातें 
किये हुए मैंने तुम्हे तंग नहीं किया 
और फिर तुमने कभी नहीं पूछा 
आज कल हम कैसे हैं हद्द है 
हम प्यार करने वाले भी कैसे हैं 


जब तक जिन्दा हूँ तब तक 
हाल तो पूछ लिया करो 
वरना  हमे भी मालूम है 
मिट्टी मैं सोने के बाद तो 
घर वाले भी भूल जाते है 


फूल है गुलाब का चमेली का मत समझना
आसिक  हूँ तुम्हारा सहेली का मत समझना
फूल तो बहुत देखे पर गुलाब जैसे नहीं
हसीनाएं तो बहुत देखि मगर तुम्हारे जैसे नहीं  



दर्द की दास्ताँ अभी बाकि है मोहब्बत
 का इन्तेहाँ अभी बाकि है  जी करे तो वफ़ा 
करने अजना दिल तो छोटा है पर जान अभी 
बाकी है मिलतो ऐसे मिलो की दिल मिलने 
पर मजबूर हो जाये आग इतनी लगाओ सीने
 मैं की होठ इ लव यू कहने पर मजबूर हो जाये 



 किसी से प्यार मत करना बेकार मैं उसके
 लिए नीदे हराम मत करना दो दिन तो आयेगें
 खुसी से मिलने तीसरे दिन बोलेगें की मेरा
 इंतजार मत करना जिंदगी मैं किसी से प्यार
 मत करना हो जाये तो इंकार मत करना निभा
 सको तो उस रस्ते पर चल के निभाना वरना
  किसी दीवाने की जिंदगी बर्बाद मत करना 



हवाएँ  चलती हैं तो पतझड़ मैं पत्ते टूट जाते है
 जब नए आसिक  मिलते है तो पुराने छूट जाते है
 पतझड़ मैं पत्ते टूटते हैं पर उठता है कौन
  प्यार तो सभी करते है पर निभाता है कौन 



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